Home » राज्य » व्यक्ति का मन ही उसके सुख-दुख का कारण है: स्वामी प्रेम प्रकाशानंद महाराज

व्यक्ति का मन ही उसके सुख-दुख का कारण है: स्वामी प्रेम प्रकाशानंद महाराज

Facebook
Twitter
WhatsApp
235 Views

सिरसा। दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से सप्ताह ज्ञान यज्ञ श्रीमद् भागवत कथा के प्रचार हेतु चल रही। संध्या फेरिया की श्रृंखला के अंतर्गत बुधवार को चौथी संध्या फेरी निकाली गई। श्री दुर्गा मंदिर खैरपुर से आरंभ की गई, जिसका आरंभ रोजाना की तरह प्रभु के पूजन और नारियल फोड़ कर किया गया। पूजन के दौरान खैरपुर से अभिषेक कंबोज और उनकी धर्मपत्नी अनीता रानी एम सी बी मौजूद रहे। प्रभु का पूजन पंडित धर्मपाल और दिव्या ज्योति जाग्रति संस्थान के प्रवक्ता स्वामी प्रेम प्रकाश नंद द्वारा करवाया गया। साध्वी बहनों के द्वारा प्रभु के भजनों का गुणगान किया गया। संस्थान के प्रवक्ता स्वामी प्रेम प्रकाशा नंद ने बताया कि फेरियों में नगर की सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं ने बढ़ चढक़र हिस्सा लिया। आज समाज को ऐसे ही कार्यक्रमों की आवश्यकता है, जिससे मानव का बिखरा हुआ मन प्रभु में लग सके। क्योंकि व्यक्ति का मन ही उसके दुख और सुख का कारण है। यदि मानव के मन की दिशा ठीक है। तो उसके जीवन की दिशा भी ठीक रह सकती है। मन की दशा ठीक करने के लिए उसे मन मंदिर में प्रभु के साथ एक लय होना पड़ेगा। आज की इस चौथी संध्या फेरी के अंदर श्रद्धालुओं की संख्या पहले से बहुत अधिक थी। यह सभी श्रद्धालु प्रभु का जय घोष करते हुए आगे बढ़ रहे थे। सभी नगर वासियों ने भक्तों का बढ़.चढक़र स्वागत किया। भक्तों ने खूब भजनों के साथ रंग बांधा। श्याम पे गया पंजाबियां दे पल्ले, तेरी बल्ले बल्ले, पीले पीतांबर वाले हमारे दो ही रिश्तेदार एक हमारे बांके बिहारी एक राधा सरकार… इत्यादि भजनों का गायन करते हुए सभी भक्त श्री दुर्गा माता मंदिर में पहुंचे । आरती के साथ संध्या फेरी का समापन किया गया। आरती में श्री दुर्गा मंदिर के प्रधान नवजीवन बंसल भी शामिल हुए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *