दुर्लभ सत्संग के 5वें दिन की पूजा अर्चना हरीओम भारद्वाज ने की
सिरसा। श्री गीता प्रचार समिति, सिरसा की ओर से 20 मार्च से 26 मार्च तक हिसार रोड स्थित पंजाब पैलेस में आयोजित किए जा रहे दुर्लभ सत्संग के 5वें दिन की पूजा अर्चना हरीओम भारद्वाज ने की। इस मौके पर श्रद्धेय स्वामी विजयानंद गिरि महाराज ने श्रद्धालुओं को बताया कि परमात्मा सदा, सर्वदा, सर्वत्र विराजमान है, बस उसे स्वीकार करने की देरी है। उन्होंने कहा कि लोग परमात्मा को न जाने कहां-कहां ढूंढते हंै, लेकिन अगर मन के भाव से देखा जाए तो वह हमारे अंदर ही हमेशा विद्यमान है। स्वामी जी ने कहा कि हमारा यह शरीर मां-बाप का बेटा है और हम भगवान के बेटे हंै। वर्तमान में मनुष्य आधुनिकता की दौड़ में काफी खो सा गया है। सांसारिक वस्तुएं केवल सदुपयोग के लिए है, आश्रय के लिए नहीं है। अगर हम इन्हें आश्रय देंगे तो यह हमारे वर्तमान व भविष्य दोनों के लिए हानिकारक है। स्वामी जी ने कहा कि अनगिनत कथाएं होती है। कथा में यही बताया जाता है कि आप अध्यात्म से जुडि़ए, सनातन संस्कृति को अपनाकर अपने बच्चों को अच्छे संस्कार दें, लेकिन सत्संग की बातों पर अमल कोई-कोई है। आरती के बाद सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। श्री गीता प्रचार समिति, सिरसा के प्रधान वेद भारती व कृष्ण गुंबर ने संयुक्त रूप से बताया कि 20 मार्च से 26 मार्च तक कथा का आयोजन हो रहा है। उन्होंने बताया कि सांय 3.30 बजे से 4.30 बजे तक भजन संकीर्तन, जबकि 4.30 बजे से सांय 6.30 बजे तक दिव्य दुर्लभ सत्संग कर श्रद्धेय स्वामी विजयानंद गिरि महाराज श्रद्धालुओं को निहाल कर रहे हैं। उन्होंने सभी धर्म प्रेमी सज्जनों से आह्वान किया कि वे कथा श्रवण कर अपने जीवन को धन्य बनाएं। इस मौके पर राजेंद्र शर्मा, कृष्ण गुंबर, किशन गुप्ता, हरीओम भारद्धाज, सुनील बतरा, अजय गौतम, सतीश शर्मा, नेतराम शर्मा, पंकज शर्मा, सुरेंद्र फडिय़ा, नरेंद्र कौशिक सहित अन्य श्रद्धालु उपस्थित थे।

