– गांव लकड़ांवाली में जिला प्रशासन का रात्रि ठहराव कार्यक्रम का आयोजन, एडीसी वीरेंद्र सहरावत ने सुनी ग्रामीणों की समस्याएं, पुलिस अधीक्षक दीपक सहारण भी रहे उपस्थित
सिरसा, 27 फरवरी।
जिला प्रशासन द्वारा खंड ओढ़ां के गांव लकड़ांवाली के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में वीरवार को रात्रि ठहराव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान जिला प्रशासन के विभागों द्वारा आमजन को स्टाल के माध्यम से योजनाओं दी और ग्रामीणों की समस्याएं सुनी। रात्रि ठहराव कार्यक्रम में अतिरिक्त उपायुक्त वीरेंद्र सहरावत व पुलिस अधीक्षक दीपक सहारण ने आमजन की समस्याएं सुनी। इससे पहले उन्होंने विद्यालय के प्रांगण में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। रात्रि ठहराव कार्यक्रम में 92 से अधिक समस्याएं व शिकायतें सुनी गई तथा संबंधित विभागों को तत्परता से समाधान के निर्देश दिए।
अतिरिक्त उपायुक्त वीरेंद्र सहरावत के समक्ष कई ग्रामीणों ने आवास योजना के तहत सहायता राशि न मिलने संबंधी शिकायत दी, जिस पर उन्होंने जिला परिषद के सीईओ डा. सुभाष चंद्र को 10 दिनों में इसके समाधान के निर्देश दिए। इसके अलावा ग्रामीणों द्वारा शिकायत के माध्यम से राशन कार्ड कटने व पीपीपी में त्रुटियों को ठीक करने संबंधी मांग की, ग्रामीणों की प्रत्येक शिकायत को एडीसी ने बारीकी से सुनते हुए क्रिड विभाग को जल्द समाधान करते हुए शिकायत कर्ता को भी सूचना उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। इसके अलावा ग्रामीणों की खाल व शाख पक्की करने संबंधी शिकायत पर अतिरिक्त उपायुक्त ने संबंधित विभाग को नियमों के अनुरूप इस बारे जल्द समाधान के निर्देश दिए। ग्रामीणों ने गांव में बस सुविधा उपलब्ध न होने के कारण बच्चों को स्कूल आने-जाने में हो रही परेशानी का मुद्दा उठाया। इस पर एडीसी ने तुरंत संज्ञान लेते हुए जीएम रोडवेज को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए, ताकि विद्यार्थियों को परिवहन सुविधा उपलब्ध करवाई जा सके। इसके अतिरिक्त ग्रामीणों ने खेतों में जंगली सूअरों से हो रहे नुकसान की समस्या भी रखी। वहीं गांव में लड़कियों के लिए सार्वजनिक पुस्तकालय खोले जाने की मांग रखी गई, जिस पर अतिरिक्त उपायुक्त ने तुरंत कार्यवाही करने के निर्देश दिए। रात्रि ठहराव कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि जिस गांव में आपसी सहयोग और सौहार्द होता है, वह गांव विकास और तरक्की की राह पर तेजी से आगे बढ़ता है। ऐसे सकारात्मक माहौल का युवाओं पर भी अच्छा प्रभाव पड़ता है और वे गलत रास्तों से दूर रहकर सही दिशा में आगे बढ़ते हैं।
वहीं सिरसा पुलिस अधीक्षक दीपक सहारण ने रात्रि ठहराव कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि आज समाज के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक नशा है। नशा न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि परिवार और पूरे समाज को भी प्रभावित करता है। उन्होंने कहा कि यदि गांव में कोई व्यक्ति नशे की लत से पीड़ित है तो उसे छिपाने के बजाय उसका उपचार करवाया जाए। समय पर इलाज और परामर्श से नशे की लत से छुटकारा पाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि नशे को जड़ से खत्म करने के लिए समाज, परिवार और पुलिस प्रशासन को मिलकर काम करना होगा। केवल पुलिस की कार्रवाई से ही नशे पर पूर्ण नियंत्रण संभव नहीं है, इसके लिए सामूहिक जागरूकता और सहयोग आवश्यक है। कार्यक्रम में सरपंच भीम सिंह ने सभी अधिकारियों व कर्मचारियों का स्वागत किया व गांव से संबंधित मुख्य मांगें रखी, जिस पर एडीसी ने हर संभव समाधान का आश्वासन दिया। कार्यक्रम के दौरान अतिरिक्त उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक ने गांव की खेल नर्सरी की खिलाडिय़ों को भी सम्मानित किया, जिन्होंने जिला व राज्य स्तर पर विभिन्न खेल आयोजनों में प्रतिभा का प्रदर्शन किया था।
इस दौरान जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी विजय लक्ष्मी, डीडीपीओ बलजीत सिंह चहल, उप सिविल सर्जन डा. प्रमोद शर्मा, उप निदेशक कृषि डा. सुखदेव सिंह, डीएसओ जगदीप सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी सत्यवान ढिलोड, बीडीपीओ अमन मित्तल, कार्यकारी अभियंता पंचायती राज गौरव भारद्वाज, जिला रेडक्रॉस सोसायटी के सचिव लाल बहादुर बेनीवाल, सहित विभिन्न विभागों का अधिकारी उपस्थित रहे।



