माता गुज़र कौर सुखमणि साहिब सेवा सोसायटी व संगतों ने किया विशेष स्वागत, भाई गुरसेवक सिंह रंगीला जथ्था ने किया रसपूर्ण कीर्तन, जथेदार दादूवाल ने प्रचार कार्य हेतु 51 हजार रुपये की सहायता दी
गुरुद्वारा सिंह सभा मंडी कालांवाली में 5 जून को माता गुज़र कौर सुखमणि साहिब सेवा सोसायटी और क्षेत्र की सिख संगतों द्वारा हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पदाधिकारियों व सदस्यों का भव्य स्वागत एवं सम्मान किया गया। इस अवसर पर श्रद्धा, सेवा और एकता की मिसाल प्रस्तुत करते हुए श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में उपस्थिति दर्ज करवाई।
—
भाई गुरसेवक सिंह रंगीला ने किया रसपूर्ण कीर्तन
गुरुद्वारा दादू साहिब से आए हजूरी रागी भाई गुरसेवक सिंह रंगीला जथ्था ने अपने मधुर वाणी में गुरबाणी का रसगान कर संगतों को अध्यात्मिक अनुभूति प्रदान की। संगतें कीर्तन में लीन होकर भावविभोर हो गईं।
प्रमुख पदाधिकारी रहे उपस्थित
इस कार्यक्रम में हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे। इनमें शामिल थे:
जथेदार बलजीत सिंह दादूवाल – चेयरमैन, धर्म प्रचार कमेटी
सरदार गुरमीत सिंह रामसर – सीनियर मीट प्रधान, हलका कालका
सरदार अंग्रेज सिंह राणियां – जनरल सचिव
सरदार जगतार सिंह मिठड़ी – अंतरिम सदस्य, हलका पिपली
सरदार गुरपाल सिंह गोरा – सदस्य, ऐलनाबाद
भाई कुलदीप सिंह फग्गू – सदस्य, रोरी
सरदार स्वर्ण सिंह बुंगा टिब्बी – सदस्य, पंचकूला
सरदार सुखविंदर सिंह मंडेबर – पूर्व जनरल सचिव
इन सभी नेताओं ने संगत को संबोधित करते हुए सिख धर्म प्रचार, एकता और सेवा के मूल्यों पर प्रकाश डाला।
संगत को मिला प्रेरणादायक संदेश
जथेदार बलजीत सिंह दादूवाल जी ने अपने भाषण में कहा कि संगत की भागीदारी और सेवा भाव ही धर्म प्रचार का मुख्य आधार है। उन्होंने युवाओं को सिख इतिहास से जुड़ने और गुरमत अनुसार जीवन जीने की प्रेरणा दी।
सेवा सोसायटी को ₹51,000 की भेंट
जथेदार दादूवाल जी ने अपने ट्रस्ट की ओर से “माता गुज़र कौर सुखमणि साहिब सेवा सोसायटी” को ₹51,000 की राशि प्रचार-प्रसार और धार्मिक सेवा कार्यों के लिए भेंट की। इस सहयोग को संगत ने करतल ध्वनि से सराहा।
तिलोकेवाला नगर की संगत ने किया विशेष सम्मान
तिलोकेवाला नगर की सिख संगत की ओर से जथेदार दादूवाल जी को सिरोपा भेंट कर विशेष सम्मान प्रदान किया गया। संगतों ने इस दौरान उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया।
भारी संख्या में उमड़ी संगत
इस पूरे समारोह में क्षेत्रभर की संगतों ने भारी संख्या में भाग लिया। श्रद्धालु सुबह से ही गुरुद्वारे में पहुंचने लगे थे और पूरे आयोजन में श्रद्धा और उत्साह का वातावरण बना रहा।
गुरु का लंगर व छबीलों की सेवा
समारोह उपरांत गुरु का लंगर अटूट रूप से वितरित किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। इसके अलावा ठंडे व मीठे जल की छबीलें भी लगाई गईं, जिससे राहगीरों व संगतों को गर्मी से राहत मिली।
यह सम्मान समारोह न केवल एक धार्मिक आयोजन था, बल्कि समाज में एकता, सेवा और श्रद्धा का प्रतीक भी बना। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और स्थानीय संगतों की इस सहभागिता ने कालांवाली में एक ऐतिहासिक समागम को जन्म दिया।


